पुलिस विभाग के “गुरूजी” उपनिरीक्षक नारायण प्रसाद साहू चालीस वर्षों की गौरवशाली सेवा के बाद सेवानिवृत्त.
डीआईजी एवं एसएसपी ने दी ससम्मान विदाई.
सेवानिवृत्ति पर मिला सुरक्षा का संदेश, डीआईजी एवं एसएसपी ने हेलमेट भेंट कर किया सम्मानित.
जशपुर : चार दशक तक पुलिस सेवा में ईमानदारी, कर्तव्यनिष्ठा और समर्पण की मिसाल कायम करने वाले उपनिरीक्षक नारायण प्रसाद साहू आखिरकार सम्मानपूर्वक सेवानिवृत्त हो गए। विभाग में “गुरूजी” के नाम से लोकप्रिय रहे श्री साहू ने अपने अनुभव और मार्गदर्शन से न केवल अपराध नियंत्रण में महत्वपूर्ण योगदान दिया, बल्कि अनेक युवा पुलिसकर्मियों को भी नई दिशा दी। उनकी गौरवशाली सेवा यात्रा को सम्मानित करते हुए जशपुर पुलिस ने भावभीनी विदाई दी और सुरक्षित जीवन के संदेश के साथ हेलमेट भेंट कर उन्हें सम्मानित किया।
पुलिस विभाग में लगभग 40 वर्षों तक उत्कृष्ट, कर्तव्यनिष्ठ एवं निष्पक्ष सेवाएं प्रदान करने के उपरांत उप निरीक्षक नारायण प्रसाद साहू दिनांक 31 मई 2026 को अधिवार्षिकी आयु पूर्ण कर सेवानिवृत्त हो गए। इस अवसर पर डीआईजी एवं एसएसपी जशपुर डॉ. लाल उमेद सिंह द्वारा पुलिस कार्यालय जशपुर में गरिमामय विदाई समारोह आयोजित कर उन्हें ससम्मान विदाई दी गई।

कार्यक्रम में डीआईजी एवं एसएसपी डॉ. लाल उमेद सिंह ने श्री साहू के दीर्घ सेवाकाल, अनुकरणीय कार्यशैली एवं विभाग के प्रति समर्पण की सराहना करते हुए उनके उज्ज्वल एवं सुखद भविष्य की कामना की। इस अवसर पर उन्हें सम्मान स्वरूप स्मृति चिन्ह, प्रशस्ति पत्र एवं शॉल-श्रीफल भेंट किया गया। साथ ही सड़क सुरक्षा के प्रति जागरूकता का संदेश देते हुए सेवानिवृत्ति उपरांत भी सुरक्षित यातायात के लिए दोपहिया वाहन चलाते समय उपयोग हेतु हेलमेट प्रदान किया गया।
उपनिरीक्षक नारायण प्रसाद साहू का जन्म 24 मई 1964 को ग्राम उमरपोटी, तहसील पाटन, जिला दुर्ग में हुआ। उन्होंने 18 सितम्बर 1986 को तत्कालीन मध्यप्रदेश पुलिस में आरक्षक पद पर भर्ती होकर अपने पुलिस सेवा जीवन की शुरुआत की। वर्ष 1987-88 में पुलिस प्रशिक्षण केन्द्र माना, रायपुर में प्रशिक्षण प्राप्त करने के पश्चात उन्होंने रक्षित केन्द्र दुर्ग सहित विभिन्न थानों एवं इकाइयों में अपनी सेवाएं प्रदान की।
अपने सेवाकाल के दौरान उन्होंने थाना साजा, नांदघाट, दुर्ग, मोहननगर, विशेष अपराध अनुसंधान इकाई (SIU) दुर्ग रेंज, पुलगांव, पत्थलगांव, कोतबा एवं बागबहार सहित विभिन्न थानों एवं इकाइयों में पदस्थ रहकर उत्कृष्ट कार्य किया। वे अपनी मेहनत, ईमानदारी एवं कर्तव्यनिष्ठा के बल पर आरक्षक से पदोन्नत होकर प्रधान आरक्षक, सहायक उपनिरीक्षक तथा अंततः उपनिरीक्षक के पद तक पहुंचे।
अपने लंबे सेवाकाल में उन्होंने लूट, डकैती, हत्या, धोखाधड़ी एवं अन्य गंभीर अपराधों की विवेचना में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। विशेष रूप से वर्ष 2021 में थाना पत्थलगांव क्षेत्र में हुए चर्चित हिट एंड रन प्रकरण के दौरान उत्पन्न कानून-व्यवस्था की चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों में उन्होंने अदम्य साहस, धैर्य एवं सूझबूझ का परिचय देते हुए हालात को नियंत्रित करने तथा आरोपियों की गिरफ्तारी में महत्वपूर्ण योगदान दिया। उनके उत्कृष्ट अनुसंधान एवं सराहनीय कार्यों के लिए उन्हें अनेक बार नगद पुरस्कार एवं प्रशस्ति पत्रों से सम्मानित किया गया।
अपने सरल, सौम्य एवं मार्गदर्शक व्यक्तित्व के कारण वे विभागीय अधिकारियों एवं कर्मचारियों के बीच “गुरूजी” के नाम से विशेष रूप से लोकप्रिय एवं सम्मानित रहे। उन्होंने अपने अनुभव, ज्ञान एवं व्यवहार से अनेक युवा पुलिसकर्मियों का मार्गदर्शन किया, जिसके कारण विभाग में उन्हें एक कुशल प्रशिक्षक एवं मार्गदर्शक के रूप में भी जाना जाता है।
विदाई समारोह में उपस्थित अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने श्री साहू के साथ बिताए गए अनुभवों को साझा करते हुए उनके योगदान की सराहना की तथा उनके स्वस्थ, सुखद एवं दीर्घायु जीवन की कामना करते हुए भावभीनी विदाई दी। इस दौरान अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री राकेश कुमार पाटनवार, उप पुलिस अधीक्षक श्री कुंजराम चैहान, रक्षित निरीक्षक श्री अमरजीत खूंटे, उप निरीक्षक खोमराज ठाकुर सहित उप निरीक्षक नारायण प्रसाद साहू के परिजन उपस्थित रहें।
डीआईजी एवं एसएसपी जशपुर डॉ. लाल उमेद सिंह ने कहा कि – जशपुर पुलिस परिवार उपनिरीक्षक नारायण प्रसाद साहू के सुखमय, स्वस्थ एवं समृद्ध भविष्य की मंगलकामना करता है तथा उनके दीर्घ सेवाकाल में दिए गए अमूल्य योगदान के लिए हृदय से आभार व्यक्त करता है।

