जोबी पुलिस ने 3 आरोपियों को गिरफ्तार कर 10 नग गौ-वंश, पिक-अप वाहन और मोटर साइकिल जप्त की.
धरमजयगढ़ क्षेत्र में जागरूक नागरिकों और पुलिस की तत्परता से 14 गौ-वंश को बुचड़खाने ले जाने से बचाया गया.
पशु क्रूरता निवारण अधिनियम के तहत आरोपियों पर कठोर वैधानिक कार्रवाई, फरार तस्करों की तलाश जारी.
“ऑपरेशन शंखनाद के तहत मवेशी तस्करों पर लगातार प्रहार, गौ-वंश की सुरक्षा रायगढ़ पुलिस की प्राथमिकता” — एसएसपी शशि मोहन सिंह
रायगढ़ : “ऑपरेशन शंखनाद” के तहत रायगढ़ पुलिस ने मवेशी तस्करों के खिलाफ बड़ी और निर्णायक कार्रवाई करते हुए 24 नग गौ-वंश को तस्करों के चंगुल से मुक्त कराया है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह के निर्देशन में चलाए जा रहे इस अभियान में जोबी और धरमजयगढ़ पुलिस की मुस्तैदी से न केवल आरोपियों को गिरफ्तार किया गया, बल्कि लाखों रुपये की संपत्ति भी जब्त की गई। गौ-वंश सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए पुलिस की यह कार्रवाई क्षेत्र में सख्त संदेश दे रही है। पुलिस अधीक्षक श्री शशि मोहन सिंह के दिशा निर्देशन में जिले में मवेशी तस्करों के विरुद्ध चलाए जा रहे “ऑपरेशन शंखनाद” के तहत पुलिस की प्रभावी कार्रवाई लगातार जारी है।

जोबी पुलिस की कार्रवाई : 3 आरोपियों से 10 नग गौ-वंश मुक्त, आरोपियों की पिक-अप वाहन, बाइक जप्त.
सीमावर्ती जिलों से होकर मवेशी तस्करी पर अंकुश लगाने वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के मार्गदर्शन पर विशेष निगरानी रखते हुए पुलिस द्वारा लगातार गश्त और नाकेबंदी की जा रही है। इसी क्रम में दिनांक 14 फरवरी 2026 की रात्रि गश्त के दौरान पुलिस चौकी जोबी को सूचना प्राप्त हुई कि एक व्यक्ति मोटर साइकिल से पायलेटिंग करते हुए मवेशी तस्करों के साथ उनके पिक-अप वाहन में मवेशियों को क्रूरतापूर्वक लाद कर ले जा रहा है। सूचना पर तत्काल कार्रवाई करते हुए चौकी प्रभारी जोबी सहायक उपनिरीक्षक लक्ष्मी नारायण राठौर ने वरिष्ठ अधिकारियों को अवगत करा कर उनके मार्गदर्शन में स्टॉफ के साथ अटल चौक पर नाकेबंदी की।
कुछ समय पश्चात सक्ती की ओर से एक बिना नंबर लाल-काले रंग की होंडा साइन मोटर साइकिल को रोका गया, जिसका चालक अपना नाम भूपेंद्र यादव, निवासी सिंगीबहार थाना तपकरा जिला जशपुर बताया। उसके पीछे आ रहे पिक-अप वाहन क्रमांक JH 07 M 0203 को रोक कर जांच करने पर चालक पवन राम निवासी बधीमा जिला जशपुर तथा उसके साथ परमेश्वर यादव निवासी सिंगीबहार थाना तपकरा जिला जशपुर मिले। वाहन की तलाशी लेने पर उसमें 10 नग गौ-वंश को रस्सियों से बांधकर क्रूरतापूर्वक उड़ीसा के बुचड़खाने ले जाने की तैयारी पाई गई। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से पिक-अप वाहन कीमत 6 लाख रुपये, 10 नग गौ-वंश कीमत 2.55 लाख रुपये तथा होंडा साइन मोटर साइकिल कीमत 1 लाख रुपये, कुल 9 लाख 55 हजार रुपये की संपत्ति जप्त कर आरोपियों के विरुद्ध पुलिस चौकी जोबी (थाना खरसिया) में छत्तीसगढ़ कृषक पशु परिरक्षण अधिनियम की धारा 4, 6, 10, 11 तथा पशु क्रूरता निवारण अधिनियम की धारा 11 के तहत अपराध पंजीबद्ध कर तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेजा गया है।
इस प्रकरण की कार्रवाई में चौकी प्रभारी एएसआई लक्ष्मी राठौर तथा हमराह आरक्षक राजेंद्र राठिया, आरक्षक राजेश सिदार, और आरक्षक अश्वनी सिदार की महत्वपूर्ण भूमिका रही है।
गिरफ्तार आरोपी –
01 – पवन राम पिता जलघर उम्र 21 साल निवासी बधीमा थाना सिटी कोतवाली जिला जशपुर,
02 – परमेश्वर यादव पिता ईश्वर उम्र 26 साल निवासी सिंगीबहार थाना तपकरा जिला जशपुर,
03 – भूपेद यादव पिता शैलेद्र यादव उम्र 25 साल निवासी सिंगीबहार थाना तपकरा जिला जशपुर.
धरमजयगढ़ पुलिस की कार्रवाई : ग्राम कोन्ध्रा में मवेशी तस्कर पकड़े जाने के डर गौ-वंश को छोड़ भागे, 14 नग गौ-वंश सुरक्षित.
इसी तरह धरमजयगढ़ क्षेत्र में जागरूक नागरिकों और पुलिस की तत्परता से 14 नग गौ-वंश को तस्करों के चंगुल से मुक्त कराया गया। पुलिस को सूचना मिली थी कि ग्राम कोन्ध्रा जंगल क्षेत्र में कुछ तस्कर गौ-वंश को मारते-पीटते हुए बुचड़खाने ले जा रहे हैं। सूचना पर एएसआई गंगाराम भगत के नेतृत्व में पुलिस टीम तत्काल मौके पर पहुंची, जहां सूचना देने वाले मिलन बाला निवासी दुर्गापुर कॉलोनी धरमजयगढ़ एवं अन्य ग्रामीणों ने बताया कि तीन अज्ञात तस्कर गौ-वंश को लेकर जा रहे थे, जिन्हें देख पूछताछ करने पर वे मौके से फरार हो गए। पुलिस द्वारा मौके से 14 नग गौ-वंश को सुरक्षित जप्त कर पशु चिकित्सक से उनका परीक्षण कराया गया तथा उनके चारा-पानी की व्यवस्था की गई। इस मामले में अज्ञात आरोपियों के विरुद्ध छत्तीसगढ़ कृषक पशु परिरक्षण अधिनियम एवं पशु क्रूरता निवारण अधिनियम के तहत अपराध दर्ज कर उनकी तलाश की जा रही है।
एसएसपी श्री शशि मोहन सिंह का संदेश — “ऑपरेशन शंखनाद के तहत मवेशी तस्करी में संलिप्त व्यक्तियों के विरुद्ध रायगढ़ पुलिस की कार्रवाई निरंतर जारी रहेगी। गौ-वंश के अवैध परिवहन एवं पशु क्रूरता के मामलों में किसी भी आरोपी को बख्शा नहीं जाएगा। आम नागरिकों से अपील है कि इस प्रकार की गतिविधियों की सूचना तत्काल पुलिस को दें, उनकी पहचान गोपनीय रखी जाएगी।”

