राहगीर को रास्ता रोककर शराब के लिए पैसे मांगने और रुपये छीनकर फरार होने वाला आरोपी गिरफ्तार
बजरंग चौक खुर्सीपार के पास आरोपी ने राहगीर को रास्ता रोककर शराब पीने के लिए पैसे मांगे थे।
पैसे देने से मना करने पर आरोपी ने गाली-गलौज एवं मारपीट कर जेब में रखे रुपये छीन लिए।
घटना की सूचना मिलते ही खुर्सीपार पुलिस ने आसपास पूछताछ कर फरार आरोपी की लगातार तलाश की।
पुलिस टीम ने आरोपी विजय चौधरी को दिनांक 29.09.2026 को विधिवत गिरफ्तार कर न्यायालय में प्रस्तुत किया।
न्यायालय से न्यायिक रिमाण्ड प्राप्त होने पर आरोपी को जेल निरुद्ध किया गया।
दुर्ग : दिनांक 24.09.2026 की रात्रि बजरंग चौक खुर्सीपार के पास राहगीर को रास्ता रोककर पैसे मांगने एवं रुपये छीनने की घटना में खुर्सीपार पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी को गिरफ्तार किया।
दिनांक 24.09.2026 को रात्रि लगभग 22:30 बजे प्रार्थी वैभव प्रसाद निवासी खुर्सीपार ने थाना उपस्थित होकर रिपोर्ट दर्ज कराई कि बजरंग चौक के पास एक व्यक्ति ने उसका रास्ता रोककर शराब पीने के लिए पैसे मांगे। पैसे देने से मना करने पर आरोपी द्वारा अश्लील गाली-गलौज एवं मारपीट कर उसकी जेब में रखे रुपये छीनकर मौके से फरार हो गया।
प्रार्थी की रिपोर्ट पर थाना खुर्सीपार में अपराध क्रमांक 439/2026 पंजीबद्ध कर विवेचना प्रारंभ की गई। पुलिस टीम द्वारा तत्काल आसपास पूछताछ कर फरार आरोपी की पतासाजी की गई। लगातार प्रयास एवं पूछताछ के आधार पर आरोपी विजय चौधरी को दिनांक 29.09.2026 को गिरफ्तार किया गया। आरोपी को न्यायालय में प्रस्तुत किया गया, जहां से न्यायिक रिमाण्ड प्राप्त होने पर जेल निरुद्ध किया गया।
मॉडस ऑपरेंडी (अपराध करने का तरीका)
आरोपी द्वारा सार्वजनिक स्थान पर राहगीर का रास्ता रोककर शराब पीने के लिए रुपये मांगे गए तथा रुपये देने से मना करने पर गाली-गलौज एवं मारपीट कर जेब में रखे रुपये छीनकर मौके से फरार हो गया।
घटना स्थल
बजरंग चौक, खुर्सीपार, भिलाई, जिला दुर्ग।
आरोपी का नाम
1. विजय चौधरी, उम्र 21 वर्ष, निवासी रामचंद्र होटल के पास, खुर्सीपार, भिलाई, जिला दुर्ग।
जप्त सामग्री
प्रकरण में उपलब्ध तथ्यों के अनुसार कोई पृथक जप्त सामग्री दर्शित नहीं है।
सराहनीय कार्य
उक्त कार्यवाही में थाना खुर्सीपार प्रभारी निरीक्षक लक्ष्मण केवट एवं हमराह पुलिस स्टाफ की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
दुर्ग पुलिस की अपील
दुर्ग पुलिस आम नागरिकों से अपील करती है कि सार्वजनिक स्थानों पर किसी भी संदिग्ध गतिविधि अथवा आपराधिक कृत्य की जानकारी तत्काल पुलिस को दें। किसी घटना की स्थिति में स्वयं कानून हाथ में लेने के बजाय पुलिस को सूचना देकर सहयोग करें।


