मछलियों के संरक्षण के लिए सरकार का बड़ा फैसला, वर्षा ऋतु में दो माह बंद रहेगा मत्स्याखेट, प्राकृतिक वंश वृद्धि को मिलेगा बढ़ावा

मछलियों के संरक्षण के लिए सरकार का बड़ा फैसला, वर्षा ऋतु में दो माह बंद रहेगा मत्स्याखेट, प्राकृतिक वंश वृद्धि को मिलेगा बढ़ावा

जशपुर : वर्षा ऋतु के दौरान मछलियों की प्राकृतिक वंश वृद्धि एवं संरक्षण को ध्यान में रखते हुए नदीय मत्स्योद्योग अधिनियम 1972 की धारा 3 की उपधारा 2 के अंतर्गत राज्य शासन द्वारा प्रतिवर्ष की भांति इस वर्ष भी 16 जून 2026 से 15 अगस्त 2026 तक की अवधि को बंद ऋतु घोषित किया गया है। इस अधिनियम के तहत जशपुर जिले के अन्तर्गत समस्त तालाबों एवं जल स्त्रोतों में जिनका संबंध नदी नालों से नहीं है, के अतिरिक्त जलाशयों में किये जा रहे केज कल्चर को छोड़कर, सभी प्रकार के जल संसाधनों में इस अवधि तक मत्स्याखेट कार्य पूर्णतः निषिद्ध रहेगा।

 इन नियमों का उल्लंघन करने पर छ.ग. मत्स्य क्षेत्र अधिनियम 1948 की धारा 5 के तहत् पच्चीस हजार रूपये तक के शास्ति से दण्डित किये जाने का प्रावधान है। यह नियम केवल छोटे तालाब या अन्य जल स्त्रोत जिनका संबंध किसी नदी नाले से नहीं हैं, के अतिरिक्त जलाशयों में किये जा रहे केज कल्चर में लागू नहीं होगें।

Jashpur