अंतर्राज्यीय समन्वय बैठक में नक्सल विरोधी अभियानों की समीक्षा, सीमावर्ती क्षेत्रों में संयुक्त रणनीति पर हुआ मंथन.
नारायणपुर : छत्तीसगढ़ और महाराष्ट्र की सुरक्षा एजेंसियों ने नक्सलवाद के खिलाफ लड़ाई को और तेज करने के लिए नारायणपुर में महत्वपूर्ण अंतर्राज्यीय समन्वय बैठक आयोजित की। बैठक में सीमावर्ती क्षेत्रों की सुरक्षा व्यवस्था, संयुक्त नक्सल विरोधी अभियानों, खुफिया सूचनाओं के त्वरित आदान-प्रदान और समन्वित रणनीति पर विस्तार से चर्चा हुई। वरिष्ठ अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि बेहतर तालमेल, जनसहयोग और प्रभावी रणनीति के जरिए वामपंथी उग्रवाद पर निर्णायक कार्रवाई जारी रहेगी।
नारायणपुर में आज आयोजित अंतर्राज्यीय समन्वय बैठक में छत्तीसगढ़ एवं महाराष्ट्र के सीमावर्ती क्षेत्रों में संचालित नक्सल विरोधी अभियानों की समीक्षा करते हुए दोनों राज्यों के पुलिस एवं सुरक्षा बलों के बीच समन्वय को और अधिक प्रभावी बनाने पर विस्तृत चर्चा की गई।

बैठक में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से अतिरिक्त महानिदेशक पुलिस (नक्सल विरोधी अभियान) छत्तीसगढ़ श्री विवेकानंद, अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक स्पेशल ऑप्स महाराष्ट्र डॉ. छेरिंग दोरजे, संयुक्त निदेशक इंटेलिजेंस ब्यूरो तथा विशेष पुलिस महानिरीक्षक नागपुर रेंज महाराष्ट्र श्री संदीप पाटिल शामिल हुए। वहीं नारायणपुर में भौतिक रुप से बैठक में पुलिस महानिरीक्षक बस्तर रेंज श्री बी.एन. मीणा, पुलिस अधीक्षक गढ़चिरौली श्री एम. रमेश , पुलिस अधीक्षक कांकेर श्री निखिल राकेचा , पुलिस अधीक्षक नारायणपुर श्री संदीप कुमार पटेल, पुलिस अधीक्षक बीजापुर श्री उमेश गुप्ता सहित दोनों राज्यों के वरिष्ठ पुलिस अधिकारी उपस्थित रहे।
बैठक में सीमावर्ती क्षेत्रों की वर्तमान सुरक्षा स्थिति की समीक्षा करते हुए संयुक्त नक्सल विरोधी अभियानों, खुफिया सूचनाओं के त्वरित आदान-प्रदान तथा आपसी समन्वय को और अधिक सुदृढ़ बनाने पर सहमति व्यक्त की गई। साथ ही सीमावर्ती क्षेत्रों में सतत निगरानी, समन्वित कार्रवाई एवं प्रभावी रणनीति के माध्यम से वामपंथी उग्रवाद के विरुद्ध अभियान को और तेज करने पर चर्चा हुई।
वरिष्ठ अधिकारियों ने सुरक्षा बलों के मध्य बेहतर समन्वय, निर्धारित सुरक्षा मानकों का कड़ाई से पालन, पेशेवर कार्यशैली तथा उपलब्ध सूचनाओं के आधार पर त्वरित एवं समन्वित कार्रवाई सुनिश्चित करने पर विशेष बल दिया। जनसहयोग एवं मजबूत खुफिया तंत्र के माध्यम से क्षेत्र में शांति, सुरक्षा एवं विकास के वातावरण को और सुदृढ़ करने की प्रतिबद्धता भी व्यक्त की गई।
बैठक के अंत में सभी संबंधित अधिकारियों को निर्धारित कार्ययोजना का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित करते हुए अंतर्राज्यीय समन्वय बनाए रखने तथा संयुक्त प्रयासों के माध्यम से नक्सल विरोधी अभियानों को और प्रभावी ढंग से संचालित करने के निर्देश दिए गए।

