जशपुर : छत्तीसगढ़ शासन, राजस्व एवं आपदा प्रबंधन विभाग के राजस्व पुस्तक परिपत्र 6-4 के प्रावधानों के अंतर्गत प्राकृतिक आपदा एवं नैसर्गिक विपत्तियों से होने वाली जनहानि पर प्रभावित परिवारों को आर्थिक सहायता प्रदान की जाती है। इसी के तहत प्राकृतिक आपदाओं में हुई मृत्यु के 4 प्रकरणों में कलेक्टर श्री रोहित व्यास द्वारा कुल 16 लाख रुपए की आर्थिक सहायता राशि स्वीकृत की गई है।
अपर कलेक्टर श्री प्रदीप साहू से प्राप्त जानकारी के अनुसार तहसील बगीचा के ग्राम ओंड़का निवासी स्व. भदवा राम पिता स्व. मंगरा राम की 5 मार्च 2026 को मधुमक्खी के काटने से मृत्यु हो गई थी। इस प्रकरण में मृतक की निकटतम वैध वारिस उनकी पत्नी श्रीमती सुमित्रा को 4 लाख रुपए की आर्थिक सहायता अनुदान राशि स्वीकृत की गई है। इसी प्रकार तहसील बगीचा के ग्राम कुरडेग निवासी स्व. सुमित्रा पैंकरा पति श्री मनमोहन पैंकरा की 28 फरवरी 2025 को कुएं के पानी में डूबने से मृत्यु हो गई थी। इस प्रकरण में मृतिका के निकटतम वैध वारिस उनके पति श्री मनमोहन पैंकरा को 4 लाख रुपए की आर्थिक सहायता राशि स्वीकृत की गई है। तहसील मनोरा के ग्राम पकरीटोली निवासी स्व. बसिन्दर राम (प्रजापति) पिता स्व. हरिमोहन प्रजापति की 28 अगस्त 2025 को नदी के बाढ़ के पानी में डूबने से मृत्यु हो गई थी। इस प्रकरण में मृतक की निकटतम वैध वारिस उनकी पत्नी श्रीमती लीलावती बाई को 4 लाख रुपए की आर्थिक सहायता अनुदान राशि स्वीकृत की गई है। इसी प्रकार तहसील सन्ना के ग्राम चटकपुर निवासी स्व. देवसिंह पिता श्री धरम सिंह की 10 अक्टूबर 2025 को तालाब के पानी में डूबने से मृत्यु हो गई थी। इस प्रकरण में मृतक के निकटतम वैध वारिस उनकी पत्नी श्रीमती बनपति बाई तथा पुत्र अर्जुन कुमार एवं अरविन्द कुमार को संयुक्त रूप से 4 लाख रुपए की आर्थिक सहायता अनुदान राशि स्वीकृत की गई है।
उल्लेखनीय है कि जिला प्रशासन द्वारा प्राकृतिक आपदा एवं आकस्मिक जनहानि के मामलों में प्रभावित परिवारों को समयबद्ध राहत उपलब्ध कराने के लिए आवश्यक कार्यवाही प्राथमिकता के साथ सुनिश्चित की जा रही है।

