रायपुर : भारतीय जनता पार्टी की प्रदेश प्रवक्ता शताब्दी पाण्डे ने अभनपुर में चल रहे कांग्रेस के जिला अध्यक्षों के 10 दिवसीय प्रशिक्षण शिविर के समापन सत्र और उसमें कांग्रेस नेता पवन खेड़ा की एंट्री पर तीखा तंज कसा है। श्रीमती पाण्डे ने कहा कि कांग्रेस का यह पूरा प्रशिक्षण शिविर और कुछ नहीं, बल्कि अपनी राजनीतिक जमीन खिसकती देख किया गया एक नाटक मात्र है।
भाजपा प्रदेश प्रवक्ता श्रीमती पाण्डे ने कांग्रेस और पवन खेड़ा पर हमला बोलते हुए सवाल उठाया कि क्या पवन खेड़ा अब छत्तीसगढ़ के कांग्रेस जिला अध्यक्षों को चरित्र हनन की गंदी राजनीति सिखाएंगे? बदजुबानी, बिना किसी सबूत के झूठे दस्तावेजों के सहारे दूसरों का चरित्र हनन करने की राजनीति और फिर संकट आने पर भगोड़ों की तरह आचरण करने की जो मिसाल खेड़ा ने देश के सामने पेश की है, उससे छत्तीसगढ़ कांग्रेस क्या सीखेगी? खेड़ा छत्तीसगढ़ में कांग्रेस की डूबती नाव को और तेजी से डुबोने की सीख के अलावा और दे ही क्या सकते हैं! श्रीमती पाण्डे ने कहा कि 41 जिला अध्यक्षों को रात में गाँवों में ठहराना, मनरेगा मजदूरों के साथ केवल फोटो खिंचवाने के लिए श्रमदान करना कांग्रेस की पुरानी ‘इवेंट मैनेजमेंट’ संस्कृति का हिस्सा है। 10 दिनों तक जनता के बीच रहने का नाटक करने वाले कांग्रेसी नेताओं ने अपने शासनकाल में कभी छत्तीसगढ़ की जमीनी हकीकत और गरीबों की सुध नहीं ली।
भाजपा प्रदेश प्रवक्ता श्रीमती पाण्डे ने कहा कि कांग्रेस के राष्ट्रीय और प्रादेशिक दिग्गज नेता भूपेश बघेल, दीपक बैज, चरणदास महंत, सचिन पायलट, टी.एस. सिंहदेव और अलका लाम्बा मिलकर भी अपनी बिखरती हुई संगठन की रीति-नीति को बचा नहीं पा रहे हैं। यही कारण है कि अब उन्हें चुनावी रणनीति और जनहित के नाम पर आंदोलन की नौटंकी करने के लिए बाहरी नेताओं का सहारा लेना पड़ रहा है। श्रीमती पाण्डे ने कहा कि छत्तीसगढ़ की जनता बेहद समझदार है। वह कांग्रेस के इस ‘प्रशिक्षण शिविर’ के छलावे को अच्छी तरह समझती है। पवन खेड़ा जैसे बदजुबान नेताओं के मार्गदर्शन में चलने वाली कांग्रेस पार्टी का छत्तीसगढ़ में अब कोई भविष्य नहीं बचा है और आगामी समय में जनता इस नकारात्मक राजनीति को पूरी तरह नकार देगी।

