रिपोर्ट के 24 घंटे के भीतर मामले के आरोपी को गिरफ्तार कर किया गया मामले का खुलासा.
नगर पुलिस अधीक्षक अंबिकापुर के मार्गदर्शन में मणिपुर एवं साइबर सेल की संयुक्त टीम ने आरोपी को लिया हिरासत में.
अम्बिकापुर : अम्बिकापुर में हत्या के सनसनीखेज मामले का पुलिस ने महज 24 घंटे के भीतर खुलासा कर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। ट्रांसपोर्ट नगर क्षेत्र में महिला की संदिग्ध मौत की सूचना मिलने के बाद मणिपुर थाना और साइबर सेल की संयुक्त टीम ने तेजी से जांच शुरू की। पुलिस की त्वरित कार्रवाई और तकनीकी जांच के आधार पर आरोपी पति को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई, जहां उसने अपना जुर्म कबूल कर लिया। इस कार्रवाई ने एक बार फिर साबित किया कि गंभीर अपराधों पर सरगुजा पुलिस तेजी और सख्ती से कार्रवाई कर रही है।
मिली जानकारी के अनुसार घटना का विवरण इस प्रकार है कि प्रार्थी कैलाश राम पिता अघनू राम ग्राम कुरहटेपना बगीचा जिला जशपुर ने दिनांक 19 मई 2026 को रिपोर्ट दर्ज कराया कि उसकी चचेरी बहन सुखमनिया ट्रान्सपोर्ट नगर में अपने पति जमुना चिकवा के साथ रहती थी। जिसकी आस पड़ोस के लोगों से मृत्यु होने की सूचना मिली, तब मैं अम्बिकापुर आकर देखा तो सुखमनिया के पैर, कमर, एवं पीठ में डंडे से चोट लगने का निशान मिला, जो अपनी चचेरी बहन की किसी अज्ञात व्यक्ति द्वारा हत्या की आशंका पर रिपोर्ट दर्ज कराया।
प्रार्थी की रिपोर्ट पर थाना मणिपुर में अपराध क्रमांक 101/2026 धारा 103(1) बी.एन.एस. पंजिबद्ध कर विवेचना में लिया गया। विवेचना के दौरान शव पंचनामा उपरांत शव को पी.एम. हेतु अस्पताल भेजा गया एवं प्रकरण के आरोपी की पता तलाश की जा रही थी। नगर पुलिस अधीक्षक अम्बिकापुर श्री राहुल बंसल भा.पु.से. के मार्गदर्शन में थाना मणिपुर एवं साइबर सेल अम्बिकापुर की संयुक्त पुलिस टीम गठित की गई। पुलिस टीम द्वारा आरोपी के संभावित ठिकानों पर दबिश दी गई एवं आरोपी को हिरासत में लेकर पूछताछ किया गया, जिसने अपना जुर्म स्वीकार किया। आरोपी के विरूद्ध अपराध सबूत पाए जाने पर जमुना चिकवा पिता स्व. रामबिलास चिकवा उम्र 35 वर्ष निवासी कुमनसिया चैकी केरजू थाना सीतापुर हा.मु. कदमपारा ट्रान्स्पोर्टनगर मणिपुर जिला सरगुजा को दिनांक 20 मई 2026 को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमाण्ड पर भेजा गया है।
इस प्रकरण की संपूर्ण कार्यवाही में थाना प्रभारी मणिपुर उपनिरीक्षक सी.पी. तिवारी, सहायक उपनिरीक्षक अजीत कुमार मिश्रा, सहायक उपनिरीक्षक अनिल पाण्डेय, प्रधान आरक्षक दिल साय कुजूर, प्रधान आरक्षक विकास सिन्हा, प्रधान आरक्षक अंजू भगत, प्रधान आरक्षक विजय रवि, आरक्षक उमाशंकर साहू, आरक्षक अनिल सिंह परिहार, आरक्षक नरेश, आरक्षक रामकेश्वर सिंह, आरक्षक घनश्याम राजवाड़े, आरक्षक रमेश राजवाड़े, आरक्षक निरंजन बड़ा, महिला आरक्षक रीना कश्यप, सैनिक दिनेश यादव की महत्वपूर्ण भूमिका रही है।

