माननीय विशेष न्यायाधीश (एनडीपीएस एक्ट) सूरजपुर ने नशे के कारोबार में लिप्त तीन आरोपी को दी 10-10 वर्ष की सश्रम कारावास व 1-1 लाख रूपये अर्थदण्ड की सजा.
चौकी लटोरी थाना जयनगर में अपराध क्रमांक 55/2025 धारा 21(सी) एनडीपीएस एक्ट के अंतर्गत अपराध हुआ था पंजीबद्ध.
सूरजपुर : सूरजपुर में नशे के अवैध कारोबार पर बड़ी न्यायिक कार्रवाई सामने आई है। एनडीपीएस एक्ट के तहत दर्ज एक मामले में विशेष न्यायालय ने तीन आरोपियों को कड़ी सजा सुनाते हुए यह स्पष्ट संदेश दिया है कि मादक पदार्थों के कारोबार में लिप्त लोगों को बख्शा नहीं जाएगा। इस फैसले से न सिर्फ अपराधियों में डर बढ़ेगा, बल्कि समाज में कानून के प्रति भरोसा भी मजबूत होगा।
मिली जानकारी के अनुसार दिनांक 07 फरवरी 2025 को चौकी लटोरी पुलिस ने मुखबीर की सूचना पर ग्राम तुलसी नाला के पास घेराबंदी कर विकास सिंह राणा पिता विजय सिंह राणा उम्र 30 वर्ष, सूरज सिंह पिता धनेश्वर सिंह उम्र 20 वर्ष व आशीष सिंह उर्फ गोलू पिता गोकुल सिंह उम्र 30 वर्ष तीनों निवासी ग्राम केनाबांध, थाना कोतवाली अम्बिकापुर तथा 1 विधि विरूद्ध संघर्षरत् बालक को पकड़ा था, जिनके कब्जे से ऑनरेक्स कफ सिरप 1000 नग जप्त कर चौकी लटोरी थाना जयनगर में अपराध क्रमांक 55/2025 धारा 21(सी) एनडीपीएस एक्ट के तहत कार्यवाही कर तीनों आरोपियों को गिरफ्तार किया था। वहीं मामले के एक विधि विरूद्ध संघर्षरत् बालक को विधि अनुसार किशोर न्याय बोर्ड के समक्ष पेश किया गया है। मामले के विवेचक एएसआई अरूण गुप्ता के द्वारा प्रकरण में पुख्ता साक्ष्य संकलित कर आरोप पत्र माननीय विशेष न्यायाधीश (एनडीपीएस एक्ट) न्यायालय सूरजपुर में पेश किया।
इस मामले की सुनवाई विद्वान न्यायाधीश श्री मानवेन्द्र सिंह विशेष न्यायाधीश (एनडीपीएस एक्ट) सूरजपुर के यहां हुई। माननीय न्यायालय ने मामले की सुनवाई पूरी करते हुये निर्णय दिनांक 17 अप्रैल 2026 को प्रकरण के समग्र तथ्यों, गवाहों के कथन, एफएसएल रिपोर्ट के आधार पर अपराध सिद्ध होने से आरोपी (1) विकास सिंह राणा (2) सूरज सिंह (3) आशीष सिंह उर्फ गोलू सिंह को स्वापक औषधि एवं मनः प्रभावी पदार्थ अधिनियम 1985 की धारा 21(सी) के आरोप में 10-10 वर्ष के सश्रम कारावास एवं 1-1 लाख रूपये के अर्थदण्ड से दंडित किया है।

