फरसाबहार में आर्थिक सशक्तिकरण की नई लहर: वैज्ञानिक तकनीक से मछली पालन सीख रहीं समूह सदस्याएं, ‘लखपति दीदी’ बनने की ओर मजबूत कदम

फरसाबहार में आर्थिक सशक्तिकरण की नई लहर: वैज्ञानिक तकनीक से मछली पालन सीख रहीं समूह सदस्याएं, ‘लखपति दीदी’ बनने की ओर मजबूत कदम

आधुनिक तकनीक से मत्स्य पालन की ओर बढ़े कदम : फरसाबहार की बिहान समूह सदस्याओं को ‘लखपति दीदी’ बनाने एक्सपोजर विजिट आयोजित

जशपुर : विकासखंड फरसाबहार में राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन (बिहान) के अंतर्गत स्व-सहायता समूह की महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त कर ‘लखपति दीदी’ बनाने की दिशा में ठोस पहल की जा रही है। आधुनिक तकनीक आधारित मत्स्य पालन को बढ़ावा देने के उद्देश्य से 25 स्व-सहायता समूह सदस्यों को मत्स्य विभाग के सहयोग से संचालित बीज प्रसंस्करण एवं मॉडल इकाइयों का एक्सपोजर विजिट कराया गया।

यह पहल जिला पंचायत सीईओ श्री अभिषेक कुमार के मार्गदर्शन तथा जिला कार्यक्रम प्रबंधक (आजीविका) श्री गया प्रसाद चौरसिया के समन्वय में, मत्स्य विभाग एवं विकासखंड स्तरीय अमले के सहयोग से संपन्न हुई।

 एक्सपोजर विजिट के दौरान समूह की संभावित ‘लखपति दीदियों’ ने आधुनिक मत्स्य पालन तकनीकों जैसे केज कल्चर, तालाब आधारित उन्नत पालन, अर्ध-प्राकृतिक तालाब प्रबंधन तथा पोंड लाइनिंग प्रणाली के बारे में व्यावहारिक जानकारी प्राप्त की। साथ ही सदस्यों को बारहमासी मछली प्रजातियों—तेलापिया, पंगास आदि के वैज्ञानिक पालन, आहार प्रबंधन, बीज चयन एवं बाजार उपलब्धता के संबंध में विस्तृत मार्गदर्शन दिया गया। समूह की सदस्यों ने आधुनिक तकनीकों को समझते हुए गहरी रुचि दिखाई और आगामी सीजन में विभागीय सहयोग से उन्नत मत्स्य पालन प्रारंभ करने की कार्ययोजना तैयार करने का संकल्प लिया। उन्होंने कहा कि वैज्ञानिक पद्धति से मत्स्य पालन अपनाकर वे अपनी आय में उल्लेखनीय वृद्धि कर सकती हैं।

इस एक्सपोजर विजिट में जनपद सीईओ श्री मिथलेश पैंकरा, मत्स्य निरीक्षक श्री रवि पैंकरा तथा विकासखंड परियोजना प्रबंधक श्री अनूप कुमार मेहर का विशेष सहयोग प्राप्त हुआ।

जिला प्रशासन की इस पहल से फरसाबहार क्षेत्र की महिला समूह सदस्याएं आत्मनिर्भरता की दिशा में आगे बढ़ रही हैं और आजीविका के नए अवसरों के माध्यम से सशक्त भविष्य की ओर अग्रसर हो रही हैं।

Exclusive Jashpur